February 26, 2021

बोर्ड परीक्षाओं के डिप्रेशन से बचाएगी ‘द एग्जाम’, जिंदगी का फलसफा सिखाती है मोहाली के युवक की शार्ट मूवी


अमित शर्मा, अमर उजाला, मोहाली (पंजाब)
Updated Tue, 12 Jan 2021 03:39 PM IST

मोहाली का गुरप्रीत सिंह।
– फोटो : अमर उजाला

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अकसर बोर्ड परीक्षाओं में अच्छा प्रदर्शन न कर पाने से विद्यार्थी डिप्रेशन में आ जाते हैं। कई बच्चे इतने हताश हो जाते हैं कि आत्महत्या तक कर लेते हैं। बच्चों को इस डिप्रेशन से बाहर निकालने के लिए पंजाब के मोहाली से बीबीए कर रहे गुरप्रीत सिंह ने कदम बढ़ाया है। 

गुरप्रीत ने एक शॉर्ट मूवी बनाई है जिसका नाम द एग्जाम है। यह फिल्म कहती है कि एक बार परीक्षा में फेल हो जाने से क्या सब कुछ खत्म हो जाता है। ऐसा नहीं है, जिंदगी हमें कई मौके देती है। हमें खुद का और अपने अभिभावकों का भी ख्याल रखना चाहिए। 

गुरप्रीत ने यह मूवी बोर्ड परीक्षाओं को ध्यान में रखकर बनाई है। उन्होंने कहा कि इस फिल्म को उन्होंने यू-ट्यूब पर अपलोड कर दिया है। जल्दी ही वह इस मामले में पंजाब और चंडीगढ़ के शिक्षा अधिकारियों से मिलेंगे। साथ ही उनसे अपील करेंगे कि इस फिल्म को बच्चों को दिखाएं ताकि वह इस प्रकार के कदम न उठाएं।

गुरप्रीत सिंह ज्ञान ज्योति कॉलेज से बीबीए कर रहे हैं। वे थियेटर कलाकार भी हैं। उन्होंने कहा कि अब एग्जाम का समय आने वाला है। ऐसे में हम डिप्रेशन में आए छात्रों के सुसाइड करने की खबरों को अक्सर सुनते हैं। पांच मिनट की उनकी मूवी जिंदगी का सबक देती है। एक परीक्षा में फेल होने से जिंदगी खत्म नहीं होती है। जिंदगी हमें मौके देती रहती है। जहां से हम शुरू कर देते हैं, वहीं से लाइफ शुरू हो जाती है। 

सोमवार को उन्होंने फिल्म यू-ट्यूब पर अपलोड की थी। अब तक पांच सौ से ज्यादा लोग इसे देख चुके हैं और उनके काम को सराह रहे हैं। गुरप्रीत ने कहा कि उनके पिता मिस्त्री हैं और माता गृहिणी है। वे संयुक्त परिवार में रहते हैं। इससे पहले ड्रग नामक फिल्म में भी वह काम कर चुके हैं। उनका कहना है कि उनकी बस एक ही कोशिश है कि वह समाज की बुराइयों को खत्म कर सकें।

बोर्ड परीक्षा देने वालों के लिए गुरप्रीत के टिप्स 

  • अब जब परीक्षा में टाइम है, ऐसे में लिखकर तैयारी करें।
  • जो चीज समझ में नहीं आती है, उसके लिए टीचर और यू-ट्यूब का सहारा लें।
  • पढ़ाई के लिए पूरा दिन नहीं बल्कि क्वालिटी टाइम दे।
  • सेशन के शुरू से जिस किताब से पढ़ रहे हों, उसी से पढ़ाई करें।
  • इसके अलावा शरीर को तंदुरुस्त रखने के लिए कोई खेल खेलें या कसरत करें।
अकसर बोर्ड परीक्षाओं में अच्छा प्रदर्शन न कर पाने से विद्यार्थी डिप्रेशन में आ जाते हैं। कई बच्चे इतने हताश हो जाते हैं कि आत्महत्या तक कर लेते हैं। बच्चों को इस डिप्रेशन से बाहर निकालने के लिए पंजाब के मोहाली से बीबीए कर रहे गुरप्रीत सिंह ने कदम बढ़ाया है। 

गुरप्रीत ने एक शॉर्ट मूवी बनाई है जिसका नाम द एग्जाम है। यह फिल्म कहती है कि एक बार परीक्षा में फेल हो जाने से क्या सब कुछ खत्म हो जाता है। ऐसा नहीं है, जिंदगी हमें कई मौके देती है। हमें खुद का और अपने अभिभावकों का भी ख्याल रखना चाहिए। 

गुरप्रीत ने यह मूवी बोर्ड परीक्षाओं को ध्यान में रखकर बनाई है। उन्होंने कहा कि इस फिल्म को उन्होंने यू-ट्यूब पर अपलोड कर दिया है। जल्दी ही वह इस मामले में पंजाब और चंडीगढ़ के शिक्षा अधिकारियों से मिलेंगे। साथ ही उनसे अपील करेंगे कि इस फिल्म को बच्चों को दिखाएं ताकि वह इस प्रकार के कदम न उठाएं।

गुरप्रीत सिंह ज्ञान ज्योति कॉलेज से बीबीए कर रहे हैं। वे थियेटर कलाकार भी हैं। उन्होंने कहा कि अब एग्जाम का समय आने वाला है। ऐसे में हम डिप्रेशन में आए छात्रों के सुसाइड करने की खबरों को अक्सर सुनते हैं। पांच मिनट की उनकी मूवी जिंदगी का सबक देती है। एक परीक्षा में फेल होने से जिंदगी खत्म नहीं होती है। जिंदगी हमें मौके देती रहती है। जहां से हम शुरू कर देते हैं, वहीं से लाइफ शुरू हो जाती है। 

सोमवार को उन्होंने फिल्म यू-ट्यूब पर अपलोड की थी। अब तक पांच सौ से ज्यादा लोग इसे देख चुके हैं और उनके काम को सराह रहे हैं। गुरप्रीत ने कहा कि उनके पिता मिस्त्री हैं और माता गृहिणी है। वे संयुक्त परिवार में रहते हैं। इससे पहले ड्रग नामक फिल्म में भी वह काम कर चुके हैं। उनका कहना है कि उनकी बस एक ही कोशिश है कि वह समाज की बुराइयों को खत्म कर सकें।

बोर्ड परीक्षा देने वालों के लिए गुरप्रीत के टिप्स 

  • अब जब परीक्षा में टाइम है, ऐसे में लिखकर तैयारी करें।
  • जो चीज समझ में नहीं आती है, उसके लिए टीचर और यू-ट्यूब का सहारा लें।
  • पढ़ाई के लिए पूरा दिन नहीं बल्कि क्वालिटी टाइम दे।
  • सेशन के शुरू से जिस किताब से पढ़ रहे हों, उसी से पढ़ाई करें।
  • इसके अलावा शरीर को तंदुरुस्त रखने के लिए कोई खेल खेलें या कसरत करें।



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